लास वेगास: लोग भाग रहे थे, बेहद डरावना था मंज़र
लास वेगास में एक कंसर्ट के दौरान हुई गोलीबारी में अबतक 59 लोगों की मौत हो गई है जबकि 500 से अधिक घायल हैं.
मंडलई बे होटल की 32वीं मंज़िल से एक बंदूक़धारी हमलावर ने पास में हो रहे ओपन-एयर म्यूज़िक फेस्टिवल में मौजूद लोगों पर गोलीबारी की.
प्रत्यक्षदर्शियों ने उस वक़्त का हाल बयां किया जब उन्हें अहसास हुआ कि एक बंदूक़धारी उनपर फ़ायरिंग कर रहा है.
मैनचेस्टर के रहने वाले टोनी रिचर्डसन को सीजर्स पैलेस के बेसमेंट में छुपना पड़ा. बाद में उन्हें वहां से जाने की इजाज़त मिली.
''सीजर्स पैलेस में भारी अफरातफरी थी. हमने किसी को चिल्लाते सुना, बाहर जाओ, बाहर जाओ.''
''हम लोगों को बेसमेंट में ले जाया गया ताकि हमें सुरक्षा मिल सके.''
''उसके बाद हमें लिफ्ट से उन फ्लोर्स पर भेज दिया गया जहां प्रबंधन के लोग बैठा करते हैं.''
इमेज स्रोत, Getty Images
उन्होंने कहा, ''वहां हम क़रीब 100 लोग थे, इनमें बच्चे भी शामिल हैं.''
''45 मिनट से एक घंटे के बाद हमें बताया गया कि या तो हम लोग वहां रुके रहें या फिर कसीनो चले जाएं.''
''हमने कसीनो जाना बेहतर समझा, लेकिन वहां जगह कम होने की वजह से काफ़ी परेशानी हो रही थी.''
''हमें वहां से जाने देने से पहले क़रीब दो से ढाई घंटे तक कसीनो में रखा गया.''
''वह पूरा एरिया ख़ाली हो चुका था, मैंने ऐसा पहले कभी नहीं देखा था. यह बेहद डरावना था.''
''अफवाहें फैलीं''
मंडलई बे होटल के पास स्थित एक्सकैलिबर होटल और कसीनो की तीसरी मंजिल पर मौजूद डिडिएर पेरेज़ टेक्सस के रहने वाले हैं और छुट्टियां बिताने आए थे.
वह कहते हैं, ''हम एक मैजिक शो से निकल रहे थे और होटल जा रहे थे तभी हमने देखा कि लोग रो रहे हैं और एक दूसरे को गले लगा रहे हैं.''
''मैंने देखा कि कुछ लोगों का ख़ून बह रहा है. लोग सदमे में थे और रो रहे थे.''
इमेज स्रोत, DIDIER PEREZ
डिडिएर ने बताया कि वह तुरंत होटल चले गए और कमरा बंद कर लिया.
''वहां बहुत अफरातफरी थी, लोग होटल में भाग रहे थे क्योंकि ऐसी अफवाह फैली थी कि वहां हमलावर हैं लेकिन यह झूठी बात थी. हालांकि इसके बावजूद अफरातफरी में किसी तरह की कमी नहीं आई.''
''हम कसीनो की लॉबी के पास थे जब हमने देखा कि SWAT टीम पूरे एरिया को घेर रही है.''
''इसके बाद हमें तीसरी मंजिल पर कॉन्फ्रेंस रूम में भेज दिया गया.''
''जिन लोगों ने कमरे नहीं बुक किए हैं उन्हें आज रात यहां सोने के लिए कंबल दिए जा रहे हैं.''
इमेज स्रोत, JOGINDER TUTEJA
दिल्ली के रहने वाले जोगिंदर टुटेजा पत्नी के साथ छुट्टियां बिताने गए थे. उन्होंने बताया कि उन लोगों ने प्लैनेट हॉलीवुड रिसॉर्ट और कसीनो में शरण ली.
''हम एक कैफ़े में थे जो मंडलई बे होटल के पास ही था.''
''अचानक हमने लोगों को भागते देखा. वहां भगदड़ जैसा माहौल था. कैफ़े के स्टाफ ने हमें अंदर छुपा लिया.''
''वहां से हमें कैफ़े के पिछले हिस्से पर लॉबी एरिया में ले जाया गया.''
उन्होंने कहा, ''उसके बाद हमें प्लैनेट हॉलीवुड होटल में जाने की सलाह दी गई, जो कि नज़दीक ही था.''
''वह लगभग ख़ाली पड़ा था. हम फ़र्श पर बैठ गए और हमें पानी की बोतलें दी गईं.''
इमेज स्रोत, Getty Images
''लोग सहमे थे''
लंदन के माइक थॉम्पसन बताते हैं कि गोलियों की आवाज़ सुनते ही वह वहां से भाग खड़े हुए.
''हम खाना खाने के बाद अपने होटल 'द एमजीएम' की ओर जा रहे थे हमने देखा कि लोग हमारी तरफ भागकर आ रहे हैं. वो सहमे हुए थे.''
''एक व्यक्ति के शरीर पर खून दिख रहा था, तभी मुझे लगा मामला गंभीर है.''
''मैं ऑटोमेटिक गन से हो रही फायरिंग की आवाज़ सुन सकता था इसलिए मैंने अपनी पार्टनर को पकड़ा और हम पीछे की सड़क की तरफ भागे.''
''लोग भाग रहे थे, बिल्कुल भगदड़ का माहौल था. लोग सुरक्षित जगहों पर पहुंचना चाहते थे. लोग सहमे-सहमे थे.''
उन्होंने कहा, ''पुलिस हेलिकॉप्टर और दर्जनों एंबुलेंस वहां दिख रही थीं.''
''हम मेन सड़क को पूरी तरह छोड़ दिया और पीछे की सड़कों पर चलते रहे और किसी तरह अपने होटल सुरक्षित पहुंचे. यह बेहद डरावना मंज़र था.''
रोज़ीना सिनि से बातचीत पर आधारित. सोशल मीडिया और यूज़र्स की ओर से उपलब्ध कराया गया कंटेट भी.
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)
टॉप स्टोरी
ज़रूर पढ़ें
सबसे अधिक लोकप्रिय
सामग्री् उपलब्ध नहीं है