You’re viewing a text-only version of this website that uses less data. View the main version of the website including all images and videos.

Take me to the main website

लाइव, डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिकी संसद से 139 लाख करोड़ रुपये के रक्षा बजट की माँग की

व्हाइट हाउस 2027 वित्तीय वर्ष के लिए कांग्रेस (अमेरिकी संसद) से 1.5 ट्रिलियन डॉलर (क़रीब 139 लाख करोड़ रुपये) के रक्षा बजट को मंज़ूरी देने की मांग कर रहा है.

सारांश

लाइव कवरेज

सुमंत सिंह

  1. डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिकी संसद से 139 लाख करोड़ रुपये के रक्षा बजट की माँग की, बर्न्ड डेबुसमैन जूनियर, व्हाइट हाउस संवाददाता

    व्हाइट हाउस 2027 वित्तीय वर्ष के लिए कांग्रेस (अमेरिकी संसद) से 1.5 ट्रिलियन डॉलर (क़रीब 139 लाख करोड़ रुपये) के रक्षा बजट को मंज़ूरी देने की मांग कर रहा है.

    यह पिछले साल की तुलना में अमेरिकी रक्षा बजट में 42 प्रतिशत की रिकॉर्ड बढ़ोतरी होगी.

    अगर कांग्रेस इस बजट को मंज़ूरी दे देती है और इसे लागू किया जाता है, तो यह आधुनिक अमेरिकी इतिहास का सबसे बड़ा रक्षा बजट होगा.

    हालांकि, रक्षा ख़र्च बढ़ाने का ट्रंप का यह क़दम ईरान के साथ मौजूदा संघर्ष शुरू होने से पहले का है और यह ट्रंप प्रशासन के घरेलू उत्पादन और बड़े प्रोजेक्ट्स पर फोकस को दिखाता है.

    इसमें उनके प्रस्तावित 'गोल्डन डोम' मिसाइल डिफ़ेंस सिस्टम के लिए फंडिंग भी शामिल है, जिसका मक़सद अगली पीढ़ी के हवाई ख़तरों से अमेरिका की रक्षा करना है.

    ऑफ़िस ऑफ़ मैनेजमेंट एंड बजट की ओर से साझा किए गए बजट के खाके में कहा गया है कि इस मांग में दर्जनों सैन्य जहाज़ों के लिए फंड शामिल होगा, जिनमें भारी हथियारों से लैस अमेरिकी नौसेना के नए 'ट्रंप-क्लास' बैटलशिप की एक नई श्रृंखला भी शामिल है, जिसका एलान अमेरिकी राष्ट्रपति ने दिसंबर में किया था.

    डोनाल्ड ट्रंप की ओर से इस रक्षा बजट की मांग विशेष रूप से ईरान के साथ युद्ध से जुड़े बजट की मांग से अलग है. पेंटागन ने ईरान में चल रहे 'ऑपरेशन एपिक फ़्यूरी' के समर्थन और हथियारों और आपूर्ति की भरपाई के लिए 200 अरब डॉलर (क़रीब 18.5 लाख करोड़ रुपये) का प्रस्ताव रखा था.

  2. पाकिस्तान में पेट्रोल की क़ीमतों में भारी बढ़ोतरी के बाद अब बड़ी कटौती की गई

    पाकिस्तान की सरकार ने पेट्रोल की क़ीमतों में बढ़ोतरी के बाद अब बड़ी कटौती की है. पाकिस्तान के ऊर्जा मंत्रालय ने एक प्रेस रिलीज़ जारी कर इसकी जानकारी दी है.

    हालांकि, सरकार ने डीज़ल की क़ीमतों में कोई बदलाव नहीं किया है.

    शुक्रवार और शनिवार की रात जारी हुई इस प्रेस रिलीज़ में कहा गया, "पाकिस्तान सरकार ने 4 अप्रैल, 2026 से पेट्रोल की क़ीमत में 80 रुपये प्रति लीटर की कमी करने का फ़ैसला किया है."

    प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ़ की सरकार के इस फ़ैसले के बाद अब पाकिस्तान में पेट्रोल की क़ीमत 378.41 पाकिस्तानी रुपये प्रति लीटर तक हो गई है, जबकि डीज़ल की क़ीमत 520.35 पाकिस्तानी रुपये प्रति लीटर तक है.

    एक दिन पहले ही यानी गुरुवार को पाकिस्तान में पेट्रोल और डीज़ल की क़ीमतों में भारी बढ़ोतरी की गई थी.

    गुरुवार रात पेट्रोलियम मंत्री अली परवेज़ मलिक और वित्त मंत्री मोहम्मद औरंगज़ेब ने एक प्रेस कॉन्फ़्रेंस में कहा था कि पेट्रोल की क़ीमत 137.23 रुपये प्रति लीटर और डीज़ल की क़ीमत 184.49 रुपये प्रति लीटर बढ़ाई जाएगी.

    इसके बाद से पाकिस्तान में पेट्रोल की क़ीमत प्रति लीटर 458.41 रुपये और डीज़ल की क़ीमत प्रति लीटर 520.35 रुपये तक पहुंच गई थी.

  3. ईरान के साथ युद्ध में अब तक कितने अमेरिकी सैनिक घायल हुए हैं, सामने आया आंकड़ा

    पेंटागन की ओर से जारी आँकड़ों के मुताबिक़, अमेरिका-इसराइल और ईरान के बीच युद्ध शुरू होने से अब तक कुल 365 अमेरिकी सैन्य कर्मी घायल हुए हैं.

    सशस्त्र बलों की अलग-अलग शाखाओं के हिसाब से घायलों की संख्या इस प्रकार है:

    • आर्मी - 247
    • नेवी - 63
    • मरीन - 19
    • एयर फ़ोर्स - 36

    आँकड़ों के अनुसार, युद्ध में मरने वाले सैनिकों की संख्या 13 है.

  4. ट्रंप बोले एफ़-15 गिराए जाने का ईरान से बातचीत पर नहीं होगा असर - एनबीसी की रिपोर्ट

    एनबीसी न्यूज़ के मुताबिक़, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि अमेरिका के लड़ाकू विमान को गिराए जाने की घटना का ईरान के साथ किसी भी बातचीत पर कोई असर नहीं पड़ेगा.

    रिपोर्ट के अनुसार, एक संक्षिप्त फ़ोन इंटरव्यू में राष्ट्रपति से पूछा गया कि क्या आज की घटनाओं का बातचीत पर कोई असर होगा. इसके जवाब में उन्होंने कहा, "नहीं, बिल्कुल नहीं. नहीं, यह जंग है. हम जंग में हैं."

    ईरान ने शुक्रवार को एक अमेरिकी एफ़-15 लड़ाकू विमान को गिराने का दावा किया था. बीबीसी के अमेरिकी साझेदार सीबीएस न्यूज़ ने दो सूत्रों से इसकी पुष्टि की थी.

    सूत्रों ने सीबीएस न्यूज़ को यह भी बताया कि गिराए गए एफ़-15 लड़ाकू विमान के चालक दल के एक सदस्य को बचा लिया गया है और दूसरे पायलट को खोजने के लिए अब भी अभियान जारी है.

  5. ईरानी मीडिया का एक और अमेरिकी विमान को मार गिराने का दावा

    बीबीसी फ़ारसी सेवा की संवाददाता ग़ोंचेह हबीबीआज़ाद के मुताबिक़, ईरान की सरकारी मीडिया का कहना है कि ईरानी सेना ने कहा है कि उसने एक अमेरिकी ए-10 विमान को मार गिराया है.

    वहीं बीबीसी न्यूज़ के अमेरिकी सहयोगी सीबीएस न्यूज़ से अमेरिका के दो अधिकारियों ने कहा है कि ईरान में एफ़-15 लड़ाकू विमान के रेस्क्यू मिशन में शामिल दो अमेरिकी विमान भी गोलीबारी की चपेट में आए हैं.

    सीबीएस न्यूज़ के मुताबिक़, सर्च और रेस्क्यू में शामिल एक ए-10 वॉरथोग विमान पर हमला हुआ, जिसके बाद पायलट ने खाड़ी के ऊपर इजेक्ट किया, जहां उसे बचा लिया गया.

    हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं है कि क्या यह वही ए-10 वॉरथोग है, जिसके बारे में सीबीएस न्यूज़ ने कहा है कि उसे एफ़-15ई के सर्च और रेस्क्यू अभियान के दौरान निशाना बनाया गया था.

    सीबीएस का कहना है कि इस तलाशी अभियान में दो हेलिकॉप्टर भी शामिल थे, जिन्होंने पहले हुए हादसे में एफ़-15ई के दो पायलटों में से एक को बचाया.

    रिपोर्ट में कहा गया है कि बचाए गए पायलट को ले जा रहे हेलिकॉप्टर पर छोटे हथियारों से फ़ायरिंग हुई, जिससे उसमें सवार क्रू सदस्य घायल हो गए. हेलिकॉप्टर सुरक्षित उतर गया और कर्मचारियों का इलाज किया जा रहा है.

    रिपोर्ट के मुताबिक़, गिराए गए एफ़-15 के दूसरे पायलट की तलाश अब भी जारी है.

    बीबीसी फ़ारसी सेवा की संवाददाता ग़ोंचेह हबीबीआज़ाद के मुताबिक़, ईरान के सरकारी टीवी ने ईरानी सेना के हवाले से बताया है कि 'एक अमेरिकी ए-10 विमान को आर्मी एयर डिफ़ेंस फ़ोर्स के डिफ़ेंस सिस्टम ने निशाना बनाया और वह दक्षिणी ईरान में फ़ारस की खाड़ी में गिरा'.

    रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि इसे होर्मुज़ स्ट्रेट के आसपास मार गिराया गया.

  6. अमेरिकी पायलट की तलाश 'अब भी जारी', ईरान के डिप्टी गवर्नर का बयान, ग़ोंचेह हबीबीआज़ाद, बीबीसी फ़ारसी

    ईरान के दक्षिणी प्रांत कोहगिलुयेह-बोयेरअहमद के डिप्टी गवर्नर ने कहा है कि मार गिराए गए अमेरिकी एफ़-15 लड़ाकू विमान के 'लापता पायलट' की तलाश के लिए सर्च ऑपरेशन अब भी 'पूरी ताक़त' के साथ जारी है.

    उधर मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक़ अमेरिका की ओर से भी लड़ाकू विमानों और हेलिकॉप्टरों के ज़रिए पायलट को खोजने की 'व्यापक कोशिशें' की जा रही हैं.

    ईरान की सरकारी न्यूज़ एजेंसी फ़ार्स की एक रिपोर्ट के अनुसार, डिप्टी गवर्नर का कहना है कि 'पुलिस, सुरक्षा बल और स्थानीय लोग पायलट की पहचान करने और उसे पकड़ने की कोशिश में अब भी जुटे हैं' और उन्होंने लोगों से अपील की है कि अगर 'लापता पायलट' के बारे में कोई जानकारी मिले तो वे अधिकारियों से संपर्क करें.

    हालांकि, यह ठीक-ठीक पता नहीं है कि विमान कहां गिरा, लेकिन अब तक ईरान के सरकारी मीडिया में जिन दो प्रांतों के नाम बार-बार सामने आए हैं, वे हैं कोहगिलुयेह-बोयरअहमद और खुज़ेस्तान.

    शुक्रवार को एक अमेरिकी एफ़-15 लड़ाकू विमान के ईरान के दक्षिणी हिस्से में गिराए जाने की ख़बर आई थी. बीबीसी के अमेरिकी साझेदार सीबीएस न्यूज़ को दो सूत्रों ने इसकी पुष्टि की थी.

    सूत्रों ने सीबीएस न्यूज़ को यह भी बताया कि गिराए गए एफ़-15 लड़ाकू विमान के चालक दल के एक सदस्य को बचा लिया गया है.

  7. नमस्कार!

    बीबीसी न्यूज़ हिन्दी के लाइव पेज पर आपका स्वागत है. मैं बीबीसी संवाददाता सुमंत सिंह अब से दोपहर दो बजे तक आप तक अहम ख़बरें पहुंचाऊंगा.

    कल के लाइव पेज की ख़बरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें.

    हमारे पेज पर मौजूद कुछ अहम ख़बरों को पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक्स पर क्लिक करें.